प्राधिकारिक पूर्व निर्णय (Authoritative Precedent) विधिशास्त्र का एक अत्यंत महत्वपूर्ण सिद्धांत है। इसका अर्थ उन न्यायिक निर्णयों से है जिन्हें अधीनस्थ न्यायालयों (Lower Courts) द्वारा मानना अनिवार्य होता है। न्यायाधीश इन निर्णयों का पालन करने के लिए कानूनी रूप से बाध्य होते हैं, चाहे वे व्यक्तिगत रूप से उस निर्णय से सहमत हों या नहीं।…